Gold Price Today : आज भारतीय सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है। जहां एक तरफ सोने की कीमतों में वैश्विक कारणों से बदलाव देखे जा रहे हैं, वहीं चांदी की कीमतों में मामूली गिरावट दर्ज की गई है। यदि आप निवेश करने या गहने खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो आज की बाजार स्थिति और अंतरराष्ट्रीय संकेतों को समझना आपके लिए बहुत जरूरी है।
24 कैरेट सोने और चांदी की औसत दरें (26 फरवरी 2026)
आज बाजार में शुद्धता के आधार पर कीमतों में जो बदलाव आए हैं, वे इस प्रकार हैं:
- 24 कैरेट सोना: शुद्ध सोने (10 ग्राम) की औसत कीमत आज ₹1,61,000 के पार पहुंच गई है।
- चांदी के भाव: चांदी की कीमतों में नरमी देखी गई है और यह अब ₹2,66,010 प्रति किलोग्राम के स्तर पर कारोबार कर रही है।
- स्थानीय अंतर: विभिन्न राज्यों में जीएसटी (GST) और मेकिंग चार्जेस के कारण इन कीमतों में थोड़ा अंतर हो सकता है।
प्रमुख शहरों में सोने-चांदी के भाव (प्रति 10 ग्राम/किलो)
देश के बड़े महानगरों में आज की ताजा दरें कुछ इस प्रकार हैं:
- दिल्ली: सोना ₹1,61,670 | चांदी ₹2,65,570
- कोलकाता: सोना ₹1,61,780 | चांदी ₹2,65,690
- हैदराबाद: सोना ₹1,61,580 | चांदी ₹2,67,540
- चेन्नई: सोना ₹1,61,790 | चांदी ₹2,68,000
- बेंगलुरु: सोना ₹1,61,450 | चांदी ₹2,67,540
कीमतों में बदलाव के पीछे के मुख्य कारण
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, कीमतों में आ रहे इस उतार-चढ़ाव के पीछे निम्नलिखित प्रमुख कारण जिम्मेदार हैं:
- अंतरराष्ट्रीय नीतियां: अमेरिकी डॉलर की मजबूती और वैश्विक आर्थिक रणनीतियों का सीधा असर सोने की कीमतों पर पड़ रहा है।
- होलाष्टक का प्रभाव: धार्मिक मान्यताओं के अनुसार होलाष्टक के दौरान बड़े निवेश और खरीदारी में कमी आती है, जिससे मांग घटने पर कीमतों में सुधार दिखता है।
- भू-राजनीतिक स्थिति: दुनिया भर में चल रही अनिश्चितता के कारण सुरक्षित निवेश के रूप में निवेशकों का रुझान सोने की तरफ बढ़ रहा है।
निवेशकों के लिए विशेषज्ञों की महत्वपूर्ण सलाह
बाजार के जानकारों का मानना है कि सोने और चांदी में दीर्घकालिक निवेश हमेशा फायदेमंद साबित होता है। निवेश के दृष्टिकोण से ये बातें महत्वपूर्ण हैं:
- भविष्य का पूर्वानुमान: विशेषज्ञों का अनुमान है कि 2030 तक सोने की कीमतें ₹5 लाख के स्तर को छू सकती हैं।
- डिजिटल गोल्ड का क्रेज: नई पीढ़ी अब भौतिक सोने के बजाय गोल्ड ETF और डिजिटल गोल्ड में निवेश करना पसंद कर रही है।
- चांदी की औद्योगिक मांग: सोलर पैनल और मोबाइल चिप्स में चांदी के बढ़ते उपयोग के कारण आने वाले 3-4 वर्षों में चांदी की कीमतों में जबरदस्त उछाल की संभावना है।
निष्कर्ष (Conclusion)
सोने और चांदी के भाव में गिरावट खरीदारी का एक अच्छा अवसर हो सकती है। हालांकि, निवेश करने से पहले हमेशा प्रमाणित ज्वेलर या वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें, क्योंकि सर्राफा बाजार के भाव हर मिनट बदलते रहते हैं।